ना बेटी मारो (Lyrics & Voice -नरसी जी)
फर्क नहीं बेटे बेटी में समझो माँ के प्यारो।
ना बेटी मारो।
भगवान की इस नेमत पे, क्यूं चलता जोर तुम्हारा।
क्यूं बनते पाप के भागी, बिल्कुल भी नहीं विचारा।
ममता की मूरत है बेटी ये सच्चाई स्वीकारो।
ना बेटी मारो....
धन दौलत बेटे बांटे और सुख दुख बेटी बांटे।
बिन स्वार्थ के सेवा में, वो सारा जीवन काटे।
क्या देंगे कलयुग के बेटे, आओ सभी विचारो।
ना बेटी मारो....
माँ का ही रूप है बेटी, जो इसको मरवाओगे।
फिर किस मुँह से जाकर के, माँ से बेटा पाओगे।
करके कन्यादान ऐ "नरसी" अपना जन्म सुधारो।
ना बेटी मारो....
लेखक व गायक:
श्री नरेश नरसी जी फतेहाबाद -हरियाणा।
मोबाइल नंबर: 9416241061
🙏🙏🙏🙏🙏
प्रेषक: प्रदीप सिंघल (जीन्द वाले)
टिप्पणियाँ
एक टिप्पणी भेजें
आपका हृदय से आभार।